प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना
अविकल उत्तराखंड
देहरादून। हरिद्वार सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत द्वारा संसद में हरिद्वार जिले में प्रधानमन्त्री सूर्य घर योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर पूछे गए प्रश्न के जवाब में केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा एवं विद्युत राज्यमंत्री श्रीपाद येसो नाईक ने योजना की व्यापक प्रगति की जानकारी दी है।
केंद्रीय राज्यमंत्री द्वारा दिए गए लिखित उत्तर के अनुसार, फरवरी 2024 में योजना के शुभारंभ के बाद दिनांक 30 जनवरी 2026 तक उत्तराखंड में 63,241 रूफटॉप सोलर प्रणालियाँ स्थापित की जा चुकी हैं, जिनसे 63,403 परिवारों को सीधा लाभ मिला है। इस अवधि में राज्य को ₹490.84 करोड़ की केंद्रीय वित्तीय सहायता प्रदान की गई है।
ऊर्जा विभाग के अनुसार अक्टूबर 2025 तक हरिद्वार जिले सहित राज्य में 27,295 से अधिक लाभार्थियों को शून्य बिजली बिल प्राप्त हुआ है, जो योजना के प्रत्यक्ष और ठोस लाभ को दर्शाता है।
लिखित उत्तर में यह भी स्पष्ट किया गया कि योजना के कार्यान्वयन को सरल और तेज़ बनाने के लिए तकनीकी व्यवहार्यता अनुमोदन की आवश्यकता समाप्त की गई है, 10 किलोवाट तक स्वचालित लोड वृद्धि की सुविधा दी गई है तथा नेट-मीटरिंग प्रक्रिया को डिजिटल और सहज बनाया गया है। इसके अतिरिक्त, ऑनलाइन पंजीकरण से लेकर उपभोक्ताओं के बैंक खातों में सीधे सब्सिडी अंतरण, कोलेट्रल-फ्री ऋण सुविधा, वेंडर पंजीकरण का सरलीकरण, प्रशिक्षण एवं जन-जागरूकता अभियान, 12 भाषाओं में कार्यरत 15555 कॉल सेंटर तथा मंत्रालय और डिस्कॉमों के बीच निरंतर समन्वय के माध्यम से योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित किया जा रहा है।
इस अवसर पर सांसद त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना उत्तराखंड को स्वच्छ ऊर्जा, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अग्रसर करने वाली एक ऐतिहासिक और जनकल्याणकारी पहल है। उन्होंने इस योजना के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व तथा केंद्र सरकार के सशक्त नीतिगत प्रयासों के प्रति उत्तराखंड की जनता की ओर से हार्दिक आभार व्यक्त किया और विश्वास जताया कि यह योजना राज्य को हरित ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी बनाएगी।

