अविकल उत्तराखंड
हरिद्वार। कुख्यात निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली ने शुक्रवार को हरिद्वार के उत्तरी भूपतवाला क्षेत्र में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। लगभग 19 वर्षों तक जेल में वक्त बिताने के बाद, नवंबर 2025 में सुप्रीम कोर्ट से अपने अंतिम मामले में बरी होकर वह बाहर आया था।
साल 2005-06 में नोएडा के निठारी इलाके से बच्चों और महिलाओं के अचानक गायब होने के दौरान कोली का नाम पहली बार चर्चा में आया था। इसके बाद 29 दिसंबर 2006 को उसकी कोठी के पीछे मौजूद नाले से बड़ी संख्या में मानव अवशेष बरामद हुए, जिससे पूरे देश में सनसनी फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई ने इसकी जांच संभाली और कोली के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज किए गए।
अदालती कार्रवाई के दौरान एक समय उसे 13 मुकदमों में मौत की सजा सुनाई गई थी। हालांकि, साल 2023 में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उसे 12 मामलों में बरी कर दिया, और फिर नवंबर 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने आखिरी बचे मामले में भी उसे पूरी तरह दोषमुक्त करार दे दिया था।



