टास्क फोर्स की समीक्षा बैठक,बनेगी जिला स्तरीय समिति
अविकल उत्तराखंड
देहरादून। प्रदेश में ग्रामीण पर्यटन को सशक्त बनाने की दिशा में टास्क फोर्स की समीक्षा बैठक 8 जनवरी 2026 को आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सचिव पर्यटन एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद ने की। बैठक मुख्यमंत्री के निर्देशों तथा पर्यटन मंत्री के मार्गदर्शन में आयोजित की गई।
बैठक में निर्देश दिए गए कि प्रत्येक जनपद में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला टास्क फोर्स समिति का गठन किया जाए। समिति में ग्रामीण विकास, आयुष, उद्यान, कृषि, सगंध पौधा केंद्र, पंचायती राज, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन सहित अन्य संबंधित विभागों को शामिल किया जाएगा। समिति द्वारा शीघ्र ही प्रत्येक जनपद में कम से कम दो ग्रामीण पर्यटन ग्रामों का चयन कर अवस्थापना विकास से संबंधित प्रस्ताव तैयार कर पर्यटन विभाग को उपलब्ध कराए जाएंगे।
बैठक में माट (कसार देवी) अल्मोड़ा, मदकोट (पिथौरागढ़), प्योड़ा (नैनीताल) और लाखामंडल (देहरादून) को वैलनेस टूरिज्म से जोड़ने, लीति (बागेश्वर) को कम्युनिटी बेस्ड, एडवेंचर एवं एग्री बेस्ड टूरिज्म के अंतर्गत तथा घेस (चमोली), जखोल (उत्तरकाशी), सौड़ (टिहरी) और सारी (रुद्रप्रयाग) गांवों को एडवेंचर टूरिज्म से जोड़ने पर चर्चा की गई।
चयनित गांवों को सभी विभागों के समन्वय से मॉडल टूरिज्म विलेज के रूप में विकसित किया जाएगा। इन गांवों में अधिकाधिक होम-स्टे निर्माण के साथ-साथ क्षेत्र की प्रकृति और सांस्कृतिक विशेषताओं के अनुरूप वैलनेस, हर्बल, एग्री, हेरिटेज, कम्युनिटी बेस्ड और एडवेंचर टूरिज्म को केंद्र में रखा जाएगा। इस संबंध में पर्यटन विभाग द्वारा आदर्श पर्यटन ग्राम की रूपरेखा पर आधारित एक प्रस्तुतीकरण भी प्रस्तुत किया गया।
बैठक में रूरल बिजनेस इन्क्यूबेटर को राज्य में होम-स्टे संचालकों को आवश्यक सहयोग प्रदान करने के निर्देश दिए गए। बैठक में ग्रामीण विकास विभाग की अपर सचिव, उत्तराखंड पर्यटन विकास बोर्ड के अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, अपर निदेशक पर्यटन, रूरल बिजनेस इन्क्यूबेटर के प्रतिनिधियों सहित विभिन्न जनपदों से मुख्य विकास अधिकारी, जिला पर्यटन विकास अधिकारी तथा कृषि विभाग के अधिकारी ऑनलाइन माध्यम से शामिल हुए।
इस अवसर पर सचिव पर्यटन ने कहा कि बैठक में लिए गए सभी निर्णय प्रधानमंत्री के वाइब्रेंट विलेज विजन तथा राज्य सरकार के सीमावर्ती क्षेत्रों के विकास के संकल्प से प्रेरित हैं।

