शहीद जसवंत सिंह को दी श्रद्धांजलि
अविकल उत्तराखंड
गाजियाबाद/नई दिल्ली। उत्तराखंड क्रांति दल, दिल्ली प्रदेश एवं नजफगढ़ जिला इकाई नेदेघाट शहीदी दिवस एवं अमर शहीद जसवंत सिंह की पुण्यतिथि श्रद्धा, सम्मान के साथ मनाई।
इस अवसर पर उत्तराखंड के स्वतंत्रता संग्राम के अमर शहीदों तथा देश एवं समाज के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर सपूतों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके त्याग, संघर्ष और बलिदान को याद किया गया।
इंदिरापुरम में श्रद्धांजलि सभा
इंदिरापुरम स्थित 5सी, शिप्रा सनसिटी, गाजियाबाद में आयोजित कार्यक्रम में उत्तराखंड क्रांति दल के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने शहीदों के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान अमर शहीद जसवंत सिंह जी की पुण्यतिथि पर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान एवं संघर्ष को स्मरण किया गया।
देघाट शहीदी दिवस प्रत्येक वर्ष 19 अगस्त को उन वीर सेनानियों की स्मृति में मनाया जाता है, जिन्होंने 19 अगस्त 1942 को भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान देघाट में अंग्रेजी हुकूमत की गोलियों का सामना करते हुए देश की आजादी के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया था। उनके बलिदान ने उत्तराखंड की धरती पर स्वतंत्रता आंदोलन की लौ को और मजबूत किया।
नेताओं ने रखे विचार
इस अवसर पर उत्तराखंड क्रांति दल दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष चंद्र सिंह रावत ‘स्वतंत्र’ ने कहा कि उत्तराखंड की वीरभूमि के इन महान सपूतों का संघर्ष और बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा। उन्होंने कहा कि शहीदों के सपनों के उत्तराखंड के निर्माण के लिए उनके आदर्शों, विचारों और संघर्ष की भावना को आगे बढ़ाना प्रत्येक उत्तराखंडवासी की जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम में डॉ. खीमानंद सती, किशोर कबडवाल, दिनेश चंद्र जोशी, चारु तिवारी, एस.पी. गौर, बचन सिंह अधिकारी सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।
नजफगढ़ में भी आयोजित हुआ कार्यक्रम
वहीं UKD की नजफगढ़ जिला इकाई द्वारा भी देघाट शहीदी दिवस एवं अमर शहीदों की स्मृति में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यकर्ताओं ने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उत्तराखंड की अस्मिता, संस्कृति, स्वाभिमान, पलायन, रोजगार एवं जनहित के मुद्दों को मजबूती से उठाने तथा संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक मजबूत बनाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में लैंसडौन विधानसभा के संगठन सचिव श्री मुकेश बिष्ट, दिल्ली प्रदेश महामंत्री श्री प्रदीप मेहरा, सुरेश रावत, प्रवीण बिष्ट, नेत्र सिंह नेगी एवं मुकेश मोहन गोसाईं सहित UKD के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
वक्ताओं ने कहा कि उत्तराखंड के वीर शहीदों का इतिहास केवल गौरव का विषय नहीं है, बल्कि यह वर्तमान पीढ़ी के लिए अपने समाज, संस्कृति और मातृभूमि के प्रति जिम्मेदारी निभाने की प्रेरणा भी देता है। शहीदों के बलिदान को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब हम उनके आदर्शों को अपने जीवन और सामाजिक कार्यों में अपनाते हुए उत्तराखंड के हितों के लिए एकजुट होकर कार्य करें।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने देघाट के अमर शहीदों एवं अमर शहीद जसवंत सिंह जी को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए उनके आदर्शों और विचारों पर चलने का संकल्प लिया।



