जाते-जाते धामी और अरविंद पांडे के हाथ मिलवा गए नितिन नबीन

…और एक कार में बैठकर निकले नये सफर में

पढ़ें, ऑपरेशन अरविंद सक्सेसफुल की रोमांचक सत्यकथा

अविकल थपलियाल

देहरादून। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के उत्तराखण्ड दौरे का विश्लेषण तो कई दिन तक चलता रहेगा। लेकिन दून के तीन दिनी प्रवास के बाद दिल्ली की ओर रवाना होने से पहले नितिन नबीन आक्रामक भाजपा विधायक अरविंद पांडे और सीएम पुष्कर सिंह धामी के हाथ मिलवा गए। ऑपरेशन अरविंद सक्सेसफुल।
तमाम बयानों को मद्देनजर रखते हुए यह कहानी तीस मई की ढलती सांझ चमकती बिजली और झमाझम बारिश के मौसम में लिखी गयी। जंगल के बीच बीजापुर सेफ हाउस बना गोपनीय ऑपरेशन का मुख्य गवाह।
प्रवास के आखिरी दिन तय कार्यक्रमों से फुर्सत पाने के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने ग़दर मचा रहे गदरपुर के विधायक अरविंद पांडे को बुलावा भेजा।

मिलन @बीजापुर सेफ हाउस

समय यही कोई 4.30 बजे के आसपास ।
बीजापुर सेफ हाउस में भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन , प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम और संगठन महामंत्री अजेय कुमार की विधायक अरविंद पांडे के साथ लगभग 25 मिनट तक बन्द कमरे में गुफ्तगू हुई।
अरविंद पांडे की मन की सुनने के बाद बगल के कक्ष में मौजूद सीएम धामी व प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट को बुलावा भेजा गया।

सबसे बाएं भाजपा विधायक अरविंद पांडे


अब नितिन, सीएम धामी, महेंद्र भट्ट, दुष्यंत व अजेय कुमार ने लगभग 20 मिनट तक  अरविंद पांडे से मुद्दे पर चर्चा की। और सुलह का रास्ता निकाला गया। लगभग 25 मिनट तक चली वार्ता के बाद प्रदेश महामंत्रियों को भी चर्चा में शामिल किया गया। महामंत्रियों के बैठक में शामिल होने के बाद पांडे कक्ष से बाहर चले गए।
तीन-चार स्तरों में हुई मैराथन बैठक के बाद नितिन नबीन ने चलते चलते सीएम धामी और विधायक अरविंद पांडे के हाथ मिलवा दिए।
साथ ही अरविंद पांडे से यह भी वचन ले लिया कि भविष्य में ऐसा कुछ नहीं होगा जिससे संगठन व सरकार की सेहत पर विपरीत असर पड़े।  यह वादा लेकर नितिन नबीन बीजापुर सेफ हाउस से दिल्ली की ओर कूच कर गए। और दूसरी तरफ सीएम धामी, अरविंद पांडे, दुष्यंत व भट्ट एक कार में सवार होकर नयी मंजिल की ओर बढ़ चले। घड़ी की सुईयां 6 बजकर 40 मिनट बजा रही थी। कुल मिलाकर  हैप्पी एंडिंग…

क्या था मामला

दरअसल,बीते काफी समय से गदरपुर से भाजपा विधायक  व पूर्व मंत्री अरविंद पांडे  काफी मुखर होकर सीएम धामी को निशाने पर ले रहे थे। जमीनों से जुड़े कुछ मामलों व कब्जे को लेकर पांडे के परिजनों पर मुकदमे दर्ज होने के बाद इस जंग में निर्णायक मोड़ ले लिया था। पांडे ने डीजीपी दीपम सेठ से भी मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की थी।


इस बीच,  पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत व पौड़ी सांसद अनिल बलूनी ने नितिन नबीन के आगमन से कुछ दिन पूर्व गदरपुर जाकर अरविंद पांडे को खुला समर्थन दे दिया। इसके बाद गुटीय जंग की आग और भी भड़क उठी। जवाब में पार्टी के दूसरे गुट ने भी अरविंद,त्रिवेंद्र और बलूनी पर जमकर प्रहार शुरू कर दिए। इस महाभारत से बेचैन हाईकमान ने नितिन नबीन के दून आगमन की पूर्व संध्या 27 मई को  त्रिवेंद्र-बलूनी के साथ सीएम की बैठकी करवाई। इस बैठकी से सब कुछ ठीक होने का संदेश भी दिया गया। लेकिन दरार पाटी नहीं जा सकी।


इधऱ, 29 मई को नितिन नबीन , बीएल संतोष, व सीएम की मौजूदगी में भाजपा विधायकों की बैठक में अरबिंद पांडे फिर फूट पड़े।
पांडे ने कहा कि उन्हें भू माफिया बताकर मुकदमे दर्ज करवा दिए गए। लिहाजा,उनके सभी मामलों की सीबीआई जांच करवा दी जाय। भरी बैठक में पांडे के वक्तव्य से केंद्रीय नेता भी हतप्रभ रह गए।
पांडे यही नहीं रुके। और कहा कि वे फ्रीडम फाइटर परिवार से ताल्लुक रखते हैं। और पांच बार चुनाव जीतने के बाद उन्हें भू माफिया बनाया जा रहा है। इसलिए सीबीआई जांच करवा कर उनके दोषों का परीक्षण करवा लिया जाय।


पुष्ट सूत्र बताते हैं कि पांडे के जारी तेवरों के बाद हाईकमान ने ऑपरेशन अरविंद पांडे का खाका तैयार किया। और 30 मई को पार्टी के सभी कार्यक्रम सम्पन्न होने के बाद ऑपरेशन अरविंद को मुकाम तक पहुंचाने के लिए पारस्परिक मंथन  व संवाद का नया दौर शुरू किया गया।


इस मंथन के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सीएम व अरविंद पांडे का हाथ मिलवाकर भड़की आग पर पानी डाला।
ठीक इसी वक्त एक तरफ  देहरादून में झमाझम बारिश ने  चढ़ते पारे पर विराम लगाया। और दूसरी तरफ, नितिन नबीन  ने अपने पहले दौरे के समापन पर हैप्पी एंडिंग की कहानी लिख दिल्ली की राह पकड़ ली….

Pls clik

विकसित भारत के निर्माण में उच्च शिक्षा की अहम भूमिका- मुख्यमंत्री

बूथ स्तर पर पहुंचे राष्ट्रीय अध्यक्ष, कार्यकर्ताओं से लिया जमीनी फीडबैक

विकसित भारत 2047 केवल सरकार का नहीं, 140 करोड़ भारतीयों का संकल्प- नितिन नबीन

भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे से बढ़ा उत्साह

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *