यूपीसीएल के 5, pwd के एक अभियंता निलंबित
गैरहाजिर 81 डॉक्टर्स की सेवा समाप्त

हल्द्वानी में करंट से कंपाउंडर की मौत का मामला

यूपीसीएल के एसडीओ और एई समेत 5 निलंबित

उपनल से नियुक्त एसएसओ को हटाया

अविकल उत्त्तराखण्ड

देहरादून।
हल्द्वानी में पिछले दिनों हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से साईकिल सवार कंपाउंडर की झुलसने से हुई मौत के मामले में सरकार ने यूपीसीएल के सहायक अभियंता व उपखंड अधिकारी समेत 5 कार्मिकों को निलंबित कर दिया । क्षेत्र के एसएसओ को सेवा से हटा दिया गया है। वह उपनल से भर्ती थे।

    मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के निर्देश पर ऊर्जा सचिव राधिका झा ने पूरे मामले की जांच सीनियर स्तर के अधिकारी मुख्य अभियंता  (वि) रुद्रपुर क्षेत्र एमएल प्रसाद से कराई थी। उनकी रिपोर्ट के आधार पर ऊर्जा सचिव की संस्तुति पर इन कार्मिकों के खिलाफ निलंबन की बड़ी कार्रवाई की गई है।

  यूपीसीएल के एमडी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि मुख्य अभियंता (वि) रुद्रपुर क्षेत्र की जांच रिपोर्ट के गहन अवलोकन के बाद इस मामले में प्रथमदृष्टया दोषी पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों पर तत्काल प्रभाव से निलंबन की कार्रवाई की गई है। इनमें एसडीओ विद्युत वितरण उपखंड (प्रथम) सुभाषनगर हल्द्वानी नीरज चंद्र पांडे, सहायक अभियंता (मापक) विद्युत परीक्षण शाला हल्द्वानी रोहिताष पांडे, अवर अभियंता मो.शकेब, टीजी -1 लाइन चांद मोहम्मद और लाइनमैन नंदन सिंह भंडारी को निलंबित किया गया है।

नीरज पांडे और रोहिताष पांडे को मुख्य अभियंता (वितरण), उपाकालि हल्द्वानी क्षेत्र, व अन्य तीनों कार्मिकों को कार्यालय अधीक्षण अभियंता, विद्युत वितरण मंडल उपाकालि हल्द्वानी से संबद्ध किया गया है। जिससे अभिलेखों में छेड़छाड़ व जांच को प्रभावित न किया जा सके। उपनल से भर्ती एसएसओ को सेवा से ही हटा दिया गया है।

   गौरतलब है कि टेडी पुलिया हाइडिल गेट बारीखत्ता निवासी कमल रावत (29) पुत्र एमएस रावत मंगल पड़ाव स्थित एक क्लीनिक में कंपाउंडर था। गत शुक्रवार को कमल साइकिल से ड्यूटी पर जा रहा था। सुबह करीब नौ बजे कमल जैसे ही वॉक मॉल के पास पहुंचा तभी वहां हाइटेंशन लाइन का तार टूटने से उसकी चपेट में आ गया और करंट से झुलसकर कमल की मौके पर ही मौत हो गई।

गायब 81 चिकित्सकों की सेवा समाप्त

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने लंबे समय से गैरहाजिर चल रहे  81 चिकित्साधिकारियों की सेवा समाप्त कर दी। मुख्यमंत्री के निर्देश पर अब अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित इन चिकित्सकों की विभाग में अनुपस्थिति की तिथि से सेवा समाप्ति सम्बन्धी प्रस्ताव को सहमति हेतु लोक सेवा आयोग को भेज दिया गया है।

प्रदेश के प्रान्तीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संवर्ग के ये चिकित्साधिकारी गायब चल रहे थे।

अधिशासी अभियन्ता निलम्बित

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियन्ता अनुपम सक्सेना को आदेशों की अवहेलना का दोषी पाये जाने पर निलम्बित करने के निर्देश दिये हैं।

सक्सेना को प्रान्तीय खण्ड लोनिवि पौड़ी से विश्व बैंक खण्ड लोनिवि अस्कोट में तैनात किया गया था। लेकिन सक्सेना ने वहां कार्यभार ग्रहण नहीं किया। यही नहीं, बिना अवकाश स्वीकृत कराये कार्यालय से भी गैर हाजिर रहे।

Uttarakhandnews

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