होमस्टे संचालकों को GST से छूट
पारदर्शी और समयबद्ध
नई नियमावली से पर्यटन कारोबारियों को राहत
ऑनलाइन व्यवस्था से जल्द होगा निस्तारण
देहरादून। उत्तराखंड में पर्यटन कारोबार को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन इकाइयों के पंजीकरण और नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है। उत्तराखंड पर्यटन, यात्रा व्यवसाय पंजीकरण नियमावली-2026 के तहत सभी जिला पर्यटन विकास अधिकारियों को पंजीकरण एवं नवीनीकरण से जुड़े मामलों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए गए हैं।
नई व्यवस्था के तहत होटल, रिजॉर्ट, हेल्थ स्पा रिजॉर्ट, गेस्ट हाउस, आश्रम, धर्मशाला, होमस्टे, बेड एंड ब्रेकफास्ट के साथ ट्रैवल एजेंसी, टूर ऑपरेटर, साहसिक पर्यटन और मनोरंजन से जुड़ी इकाइयों के पंजीकरण की प्रक्रिया को सरल किया गया है। अपंजीकृत पर्यटन इकाइयों अथवा जिनका पूर्व पंजीकरण समाप्त हो चुका है, उन्हें नियमावली जारी होने की तिथि से 180 दिनों के भीतर नए प्रावधानों के तहत पंजीकरण कराना होगा।
इसी तरह पूर्व से पंजीकृत पर्यटन इकाइयों, जिनके पंजीकरण को पांच वर्ष पूरे हो चुके हैं, को 90 दिनों के भीतर नवीनीकरण के लिए आवेदन करना होगा। होमस्टे इकाइयों के लिए यह अवधि दो वर्ष पूरी होने के बाद लागू होगी। विभाग के अनुसार होमस्टे का पंजीकरण पर्यटन विकास और विजन-2047 के लक्ष्यों की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
नवीनीकरण प्रक्रिया में ऑनलाइन प्रोविजनल प्रमाण-पत्र जारी करने की व्यवस्था भी की गई है। आवश्यक अद्यतन दस्तावेज, जैसे अग्निशमन प्रमाण-पत्र/बिल और FSSAI प्रमाण-पत्र तथा निर्धारित शुल्क जमा करने के बाद ऑनलाइन प्रोविजनल प्रमाण-पत्र स्वत: जनरेट हो सकेगा।
होमस्टे संचालकों को GST से छूट
नई व्यवस्था में होमस्टे संचालकों को GST की अनिवार्यता से राहत दी गई है। इसके लिए संचालकों को 100 रुपये के नोटरीकृत स्टांप पर इस संबंध में शपथ-पत्र प्रस्तुत करना होगा। विभाग को उम्मीद है कि इससे होमस्टे कारोबार से जुड़े लोगों को सुविधा मिलेगी और अधिक इकाइयां औपचारिक पर्यटन व्यवस्था से जुड़ेंगी।
सचिव पर्यटन एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, यूटीडीबी धीराज सिंह गर्ज्याल ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि पंजीकरण और नवीनीकरण के मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और उनका प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि पूरी प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
अपर निदेशक पूनम चंद ने पर्यटन इकाई संचालकों से अपील की है कि वे नियमावली-2026 के प्रावधानों के अनुसार निर्धारित समय सीमा में पंजीकरण अथवा नवीनीकरण की कार्रवाई पूरी करें। पर्यटन इकाइयां विभाग की वेबसाइट uttarakhandtourism.gov.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकती हैं। विभाग का कहना है कि ऑनलाइन व्यवस्था से प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी और आवेदनों के समयबद्ध निस्तारण में मदद मिलेगी।



