पीएम मोदी के चारधाम प्रोजेक्ट पर सुलगी चिंगारी, पर्यावरणविदों का पुतला फूंका। देखें वीडियो। chardham project

उत्तरकाशी के भटवाड़ी में प्रधान संगठन ने पर्यावरणविदों के खिलाफ किया प्रदर्शन

सुप्रीम कोर्ट के 8 सितम्बर के फैसले से नाराज हैं प्रधान संगठन, सड़क की चौड़ाई 5.5 मीटर रहेगी

15 सितंबर 20-  को जिला मुख्यालय हनुमान पुतला दहन होगा।

17 सितम्बर 20- कुछ प्रधान मुंडन कर पर्यावरण के दलालों का पिंडदान करेंगे

चारधाम प्रोजेक्ट से जुड़े अन्य इलाकों में भी उठ सकते हैं विरोध के स्वर

अविकल उत्त्तराखण्ड

भटवाड़ी, उत्तरकाशी। पीएम नरेंद्र मोदी का सपना चारधाम आल वेदर प्रोजेक्ट को लेकर उत्त्तराखण्ड के पहाड़ तपने लगे हैं। सोमवार को सीमांत उत्तरकाशी जिले के प्रधान संगठन ने भागीरथी घाटी में चारधाम प्रोजेक्ट के विरोधी पर्यावरणविदों का पुतला फूंक कर आक्रोश जताया।

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उत्तरकाशी के भटवाड़ी में पंचायत प्रतिनिधियों का प्रदर्शन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट चारधाम आल वेदर रोड प्रोजेक्ट के समर्थन में व पर्यावरणविदों की खिलाफत में सीमांत उत्तरकाशी जिले के प्रधान संगठन, महिला मंगल दल ने सोमवार को जोरदार प्रदर्शन किया। भटवाड़ी में आहूत व्यापक प्रदर्शन में  उमड़े पंचायत प्रतिनिधियों ने  हाथ में तख्ती लिए पर्यावरणविदों को जमकर खरी खोटी भी सुनायी। महिला जनप्रतिनिधि भी बहुत गुस्से में नजर आईं।

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गौरतलब है कि बीती 8 सितम्बर को सुप्रीम कोर्ट ने आल वेदर रोड की चौड़ाई 5.5 मीटर रखने के आदेश दिए। इस मामले में गठित हाई पावर कमेटी के कुछ सदस्यों ने संवेदनशील हिमालयी इलाके में बन रही सड़क की चौड़ाई कम करने की अपील की थी।

इस फैसले का जहां सोशल एक्टिविस्ट व पर्यावरणविदों ने स्वागत किया वहीं दूसरी ओर ग्राम प्रधान संगठन सड़क पर उतर आया। ईको सेंसिटिव जोन में शामिल उत्तरकाशी जिले के भटवाड़ी में पर्यावरण के दलालों के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए पुतला फूंका गया।

चारधाम प्रोजेक्ट का समर्थन पर्यावरणविदों की मुखालफत

सोमवार की सुबह 11 बजे गंगोत्री राजमार्ग के भटवाड़ी पुल पर सांकेतिक धरना दिया गया। पर्यावरण के दलालों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। बाद में पुतला भी फूंका गया।

भागीरथी घाटी में आये इस उबाल के कई मायने निकाले जा रहे हैं। वक्ताओं ने एक स्वर में पर्यावरण के दलालों को भागीरथी घाटी में विकास का दुश्मन बताया।

प्रधान संगठन के  जिला अध्यक्ष प्रताप रावत ने कहा कि पर्यावरण के दलालों ने लोहारीनाग व एनटीपीसी के प्रोजेक्ट बन्द कराए।  और यही लोग चार धाम प्रोजेक्ट पर कमीशन न मिलने से इसकी चौड़ाई घटाने का षडयंत्र रच कर अदालत को गुमराह कर रहे हैं।

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क्षेत्र के विकास के लिए जो पर जो प्रोजेक्ट NTPC वरदान साबित हो रहा था उसको भी बंद करवा दिया। यही नहीं कुछ शक्तियों ने कामर रोड,स्याबा रोड,सालंग रोड, भंगेली रोड़ को पर्यवारण की आड़ मे बंद कराने की साजिश रची।

धरना स्थल पर हर्षिल के प्रधान दिनेश रावत,ज्येष्ठ प्रमुख मनोज रावत, जिला पंचायत सदस्य सुनील रोतेला जी, घनानंद नॉटियाल जी, अवतार नेगी मनुजेन्द्र रावत,पूर्व क्षेत्रपंचायत पंचायत रैथल राजकेन्द्र,पूर्व प्रधान रैथल श्रीमती स्यामा देवी, पूर्व क्षेत्र पंचायत रैथल दिलमा देवी,  पूर्व प्रधान बन्दराणी सुदर्शन चौहान व समस्त  भूतपूर्व ग्राम प्रधान व क्षेत्रपंचायत  प्रतिनिधि,सामाजिक कार्यकर्ता विभिन्न ग्रामो की महिला मंगल दल युवक मंगल दल  आदि मौजूद थे।

बारह हजार करोड़ की लागत के चारधाम प्रोजेक्ट में लगभग 825 किमी सड़क का चौड़ीकरण होना है। लगभग 400 किमी सड़क चौड़ी हो चुकी है। इस प्रोजेक्ट में अभी तक 40 हजार पेड़ काटने की खबर है।

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Uttarakhandnews

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